JEE Mains · Physics · STD 11 - मात्रक, विमाएँ और मापन
- JEE Mains 2019
- मध्यम
- संख्यात्मक
\(SI\) मात्रकों में एक पदार्थ का घनत्व \(128\, kg m ^{-3}\) है। एक ऐसे मात्रकों में, जिसमें लम्बाई की इकाई \(25\, cm\) तथा द्रव्यमान की इकाई \(50 \,g\) है, इस पदार्थ के घनत्व का आंकिक मान होगा।
उत्तर जाँचने के लिए एक विकल्प चुनें।
उत्तर और हल
सही उत्तर
(A) \(40\)
चरण-दर-चरण हल
विस्तृत व्याख्या
स्पष्टीकरण:
किसी भौतिक राशि के संख्यात्मक मान को एक मात्रक पद्धति से दूसरी मात्रक पद्धति में बदलने के लिए विमीय विश्लेषण के सिद्धांत का उपयोग किया जाता है:
\( n_1 u_1 = n_2 u_2 \)
यहाँ \( n \) संख्यात्मक मान है और \( u \) मात्रक को प्रदर्शित करता है।
1. घनत्व का विमीय सूत्र:
घनत्व का विमीय सूत्र निम्नलिखित होता है:
\( [\text{घनत्व}] = [M^1 L^{-3} T^0] \)
2. रूपांतरण समीकरण स्थापित करना:
विमीय सूत्र की घातों का उपयोग करके, दोनों पद्धतियों के बीच का संबंध इस प्रकार लिखा जाता है:
\( n_2 = n_1 \left[ \frac{M_1}{M_2} \right]^1 \left[ \frac{L_1}{L_2} \right]^{-3} \)
3. मानों को प्रतिस्थापित करना:
- SI पद्धति (पद्धति 1):
- \( n_1 = 128 \)
- \( M_1 = 1\text{ kg} = 1000\text{ g} \)
- \( L_1 = 1\text{ m} = 100\text{ cm} \)
- नई पद्धति (पद्धति 2):
- \( M_2 = 50\text{ g} \)
- \( L_2 = 25\text{ cm} \)
इन मानों को रूपांतरण सूत्र में रखने पर:
\( n_2 = 128 \times \left[ \frac{1000\text{ g}}{50\text{ g}} \right]^1 \times \left[ \frac{100\text{ cm}}{25\text{ cm} } \right]^{-3} \)
4. गणना को सरल करना:
- द्रव्यमान का अनुपात: \( \frac{1000}{50} = 20 \)
- लंबाई का अनुपात: \( \frac{100}{25} = 4 \)
अब इन सरल किए गए मानों को समीकरण में आगे हल करने पर:
\( n_2 = 128 \times (20) \times (4)^{-3} \)
\( n_2 = 128 \times 20 \times \frac{1}{64} \)
चूँकि \( \frac{128}{64} = 2 \) होता है:
\( n_2 = 2 \times 20 = 40 \)
अतः, विकल्प A सही उत्तर है।
किसी भौतिक राशि के संख्यात्मक मान को एक मात्रक पद्धति से दूसरी मात्रक पद्धति में बदलने के लिए विमीय विश्लेषण के सिद्धांत का उपयोग किया जाता है:
\( n_1 u_1 = n_2 u_2 \)
यहाँ \( n \) संख्यात्मक मान है और \( u \) मात्रक को प्रदर्शित करता है।
1. घनत्व का विमीय सूत्र:
घनत्व का विमीय सूत्र निम्नलिखित होता है:
\( [\text{घनत्व}] = [M^1 L^{-3} T^0] \)
2. रूपांतरण समीकरण स्थापित करना:
विमीय सूत्र की घातों का उपयोग करके, दोनों पद्धतियों के बीच का संबंध इस प्रकार लिखा जाता है:
\( n_2 = n_1 \left[ \frac{M_1}{M_2} \right]^1 \left[ \frac{L_1}{L_2} \right]^{-3} \)
3. मानों को प्रतिस्थापित करना:
- SI पद्धति (पद्धति 1):
- \( n_1 = 128 \)
- \( M_1 = 1\text{ kg} = 1000\text{ g} \)
- \( L_1 = 1\text{ m} = 100\text{ cm} \)
- नई पद्धति (पद्धति 2):
- \( M_2 = 50\text{ g} \)
- \( L_2 = 25\text{ cm} \)
इन मानों को रूपांतरण सूत्र में रखने पर:
\( n_2 = 128 \times \left[ \frac{1000\text{ g}}{50\text{ g}} \right]^1 \times \left[ \frac{100\text{ cm}}{25\text{ cm} } \right]^{-3} \)
4. गणना को सरल करना:
- द्रव्यमान का अनुपात: \( \frac{1000}{50} = 20 \)
- लंबाई का अनुपात: \( \frac{100}{25} = 4 \)
अब इन सरल किए गए मानों को समीकरण में आगे हल करने पर:
\( n_2 = 128 \times (20) \times (4)^{-3} \)
\( n_2 = 128 \times 20 \times \frac{1}{64} \)
चूँकि \( \frac{128}{64} = 2 \) होता है:
\( n_2 = 2 \times 20 = 40 \)
अतः, विकल्प A सही उत्तर है।
Physics के और प्रश्न
- जल का घनत्व \(4^{\circ} C\) और \(20^{\circ} C\) पर क्रमशः \(1000 kg / m ^3\) और हैं। 4 kg जल की आंतरिक ऊर्जा में वृद्धि, जब इसे \(4{ }^{\circ} C\) से \(20^{\circ} C\) तक गर्म किया जाता है, _________ J है।
(जल की विशिष्ट ऊष्मा धारिता \(=4.2 KJ / kg\) और 1 वायुमंडलीय दाब \(=10^5 Pa\) )JEE Mains 2026 कठिन - एक पेंचमापी में, जब दो स्टड संपर्क में होते हैं, तो मुख्य पैमाने की संदर्भ रेखा का शून्य वृत्ताकार पैमाने के पाँचवें भाग से संपाती होता है। वृत्ताकार पैमाने पर \(100\) भाग हैं और पेंचमापी का चूड़ी अंतराल \(0.1\) mm है। जब एक गोले का व्यास मापा जाता है, तो मुख्य पैमाने का पाठ्यांक \(5\) mm है और वृत्ताकार पैमाने का \(50\)वाँ भाग मुख्य पैमाने की संदर्भ रेखा से संपाती होता है। गोले का व्यास _______ mm है।JEE Mains 2026 मध्यम
- किसी विधुत द्विध्रुव को रैखिक आवेश घनत्व \(3.0 \times 10^{-6} C / m\) के लाईन आवेश के क्षेत्र में \(x\)-अक्ष पर रखा गया है। लाइन आवेश \(z\)-अक्ष पर रखा है तथा विधुत द्विध्रुव के धनावेश और ऋणावेश मूलबिन्दु से क्रमशः \(10 \,mm\) और \(12\, mm\) की दूरी पर है। यदि द्विध्रुव पर लगने वाला कुल बल \(4 N\) है, तो द्विध्रुव के धनावेश अथवा ऋणावेश की मात्रा ज्ञात कीजिए।JEE Mains 2021 कठिन
- एक पतली चिकनी क्षैतिज छड़ पर कई \((n)\) सर्वसम मणिकायें (बीड) पिरोई गई हैं जो छड़ पर अनियमित तथा विराम अवस्था में हैं। प्रत्येक बीड का द्रव्यमान \(m\) तथा त्रिज्या \(r\) है और छड़ की लंबाई \(L\) है \((L>r)\) । यह छड़ दो टेकों (आधारों) पर, आरेख में दर्शाये गये अनुसार टिकी है। यदि एक बीड को \(v\) वेग प्रदान किया जाय तो, एक लम्बे समय के पश्चात् प्रत्येक टेक (आधार) पर लगने वाले औसत बल का मान होगा (यदि सभी टक्करें प्रत्यास्थ हैं) :
JEE Mains 2015 कठिन - त्रिज्या \(R\) एवं द्रव्यमान \(M\) के एक गोले से, त्रिज्या \(R / 2\) का एक छोटा गोला इस प्रकार निकाल लिया जाता है कि मूल गोले में बनी गुहा इसके केन्द्र एवं परिधि के बीच है (चित्र देखें)। चित्र के विन्यास के अनुसार जब मूल गोले के केन्द्र और हटाये गये गोले के केन्द्र के बीच दूरी \(3 R\) है, तब दोनो गोलों के बीच गुरुत्वाकर्षण बल है
JEE Mains 2014 कठिन - नीचे दो कथन दिए गए हैं : कथन \((I)\) : विशिष्ट ऊष्मा की विमाएँ \(\left[\mathrm{L}^2 \mathrm{~T}^{-2} \mathrm{~K}^{-1}\right]\) हैं कथन \((II)\) : गैस नियतांक की विमाएँ \(\left[\mathrm{ML}^2 \mathrm{~T}^{-1} \mathrm{~K}^{-1}\right]\) हैंJEE Mains 2024 कठिन
JEE Mains के और PYQ
- एक सेल को \(8\,\Omega\) प्रतिरोध से शंट करने पर \(3\,m\) लम्बे विभवमापी तार पर संतुलित होता है। संतुलन लम्बाई \(2\,m\) होती है जब शंट का प्रतिरोध \(4\,\Omega\) है। सेल का आंतरिक प्रतिरोध का मान \(\Omega\) में ज्ञात कीजिए।JEE Mains 2022 मध्यम
- एक समतल सड़क के वक्र की त्रिज्या \(75\,m\) है। इस वक्रीय सड़क पर कार की बिना फिसले अधिकतम चाल \(30\,m / s\) हो सकती है। यदि वक्रीय सड़क की त्रिज्या को \(48\,m\) तक परिवर्तित किया जाता है तथा सड़क व टायर के बीच घर्पण गुणांक समान रहता है, तब अधिकतम अनुमत चाल \(m / s\) में ज्ञात कीजिए।JEE Mains 2022 मध्यम
- \(670.5\) नैनोमीटर तरंगदैर्ध्य का एकवर्णी नियोन लैम्प \(0.48\) वोल्ट निरोध विभव के प्रकाश सुग्राही पदार्थ को किरणित करता है। यदि प्रकाश स्त्रोत को \(474.6\) नैनोमीटर तरंगदैर्ध्य के दूसरे स्त्रोत से बदल दिया जाए, तो निरोधी विभव क्या होगा ? (वोल्ट मे)JEE Mains 2021 कठिन