JEE Mains · Physics · STD 12 - चुंबकत्व एवं द्रव्य
- JEE Mains 2025
- आसान
- MCQ
एक चुंबकीय द्विध्रुव \(80 \sqrt{3} \mathrm{~N} \mathrm{~m}\) का बल-आघूर्ण अनुभव करता है जब इसे एकसमान चुंबकीय क्षेत्र में इस प्रकार रखा जाता है कि द्विध्रुव आघूर्ण चुंबकीय क्षेत्र के साथ \(60^{\circ}\) का कोण बनाता है। द्विध्रुव की स्थितिज ऊर्जा कितनी है?
उत्तर जाँचने के लिए एक विकल्प चुनें।
उत्तर और हल
सही उत्तर
(D) \(-80 \mathrm{~J}\)
चरण-दर-चरण हल
विस्तृत व्याख्या
\(\tau=\mathrm{M} \times \mathrm{B}=\mathrm{MB} \sin 60=\frac{\sqrt{3}}{2} \mathrm{MB}=80 \sqrt{3}\)
\(\begin{aligned} & \mathrm{MB}=160 \\ & \mathrm{U}=-\mathrm{M} \cdot \mathrm{B}=-\mathrm{MB} \cos 60 \\ & \mathrm{U}=-160 \times 1 / 2=-80 \mathrm{~J}\end{aligned}\)
\(\begin{aligned} & \mathrm{MB}=160 \\ & \mathrm{U}=-\mathrm{M} \cdot \mathrm{B}=-\mathrm{MB} \cos 60 \\ & \mathrm{U}=-160 \times 1 / 2=-80 \mathrm{~J}\end{aligned}\)
Physics के और प्रश्न
- चित्र में दिखाये गये परिपथ में दो समान प्रतिरोध है जिनका प्रतिरोध \(R=5\, \Omega\) है तथा एक प्ररेकत्व \(L =2 \,mH\) है। \(15\, V\) की एक आदर्श बैटरी को परिपथ में जोड़ा गया हैं। स्विच को बंद करने के लम्बे अन्तराल के बाद बैटरी से प्रवाहित धारा \(.....\,A\) होगी।
JEE Mains 2019 मध्यम - समान पदार्थ के दो पिण्ड, एक वलय और एक ठोस बेलन बिना फिसले किसी आनत तल पर नीचे की ओर लुढ़क रहे हैं। दोनों पिण्डों की त्रिज्या समान हैं। आनत तल की तली पर इन दोनों के संहति केन्द्रों के वेगों का अनुपात \(\frac{\sqrt{ x }}{2}\) है। यहाँ \(x\) का मान \(\dots\) होगा।JEE Mains 2021 मध्यम
- एक \(m\) द्रव्यमान का कण नियत त्रिज्या \(r\) वाले वृत्तीय पथ पर गति कर रहा है जिसका अभिकेन्द्रीय त्वरण \((a)\) समय \(t\) के साथ \(a = k ^2 rt ^2\) के अनुसार परिवर्तित हो रहा है। कण पर कार्यरत बल द्वारा दी गयी शक्ति होगी-JEE Mains 2022 कठिन
- सूची - I का सूची - II से मिलान करें।
सूची - I सूची - II (A) यंग मापांक (I) \(M L^{-1} T^{-1}\) (B) बल आघूर्ण (टॉर्क) (II) \(M L^{-1} T^{-2}\) (C) श्यानता गुणांक (III) \(M^{-1} L^3 T^{-2}\) (D) गुरुत्वाकर्षण नियतांक (IV) \(M L^2 T^{-2}\)
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए :JEE Mains 2025 मध्यम - एक ग्रह पर \(100\) मीटर ऊँचे एक स्तम्भ के ऊपर से एक गेंद को छोड़ा जाता है। धरातल पर टकराने से पहले के \(\frac{1}{2} \,s\) में यह गेंद \(19\, m\) की दूरी तय करती है। इस ग्रह पर गुरूत्वाकर्षण के कारण त्वरण का मान \(\left( ms ^{-2}\right.\) में) है।JEE Mains 2020 मध्यम
- एक समान्तर प्लेट संधारित्र दो प्लेटों से बना है जिनकी लम्बाई \(l\), चौडाई \(w\) हैं और एक दुसरे से \(d\) दूरी पर है। एक परावैद्युत पट्टी (परावैद्युतांक \(K\) ) जो कि प्लेटों के बीच ठीक से समा जाती है, को प्लेटों की सिरे के पास पकड़ कर रखा हुआ है। इसे संधारित्र के अन्दर बल \(F =-\frac{\partial U }{\partial x}\) द्वारा खींचा जाता है जहाँ \(U\) संधारित्र की तब ऊर्जा है जब परावैद्युत संधारित्र के अन्दर \(x\) दूरी पर है। (चित्र देखें)। यदि संधारित्र पर आवेश \(Q\) है, तब परावैद्युत पर बल, जब वह सिरे के पास है, होगा
JEE Mains 2014 कठिन
JEE Mains के और PYQ
- एक सतह जिसको तरंगदैर्ध्य \(6630 \mathring A\) से प्रकाशित किया गया है, से उत्सर्जित फोटोइलेक्ट्रोनों के लिये निरोधी विभव \(0.42\,V\) है। यदि देहैली आवृति \(x \times 10^{13} / s\) है, तो \(x\) का मान निकटतम पूर्णाक में ज्ञात कीजिए। (दिया है: प्रकाश की चाल \(=3 \times 10^8\,m / s\), प्लांक नियतांक \(=6.63 \times 10^{-34}\,Js\) )JEE Mains 2022 मध्यम
- किसी सरल आवर्त गति की समय-विस्थापन समीकरण \(Y = A \sin \left(\omega t +\phi_{0}\right)\) है। समय \(t =0\) पर कण का विस्थापन \(Y =\frac{ A }{2}\) है तथा यह ऋणात्मक \(x\)-अक्ष के अनुदिश गतिमान है। आरम्भिक कला कोण \(\phi_{0}\) होगा।JEE Mains 2021 कठिन
- कुल आवेश \(q\) तथा त्रिज्या \(3 a\) का एक एकसमान आवेशित वलय \(xy\)-समतल में मूलबिंदु पर केन्द्रित रखा है। एक बिन्दु आवेश \(q\) इस वलय की तरफ \(Z\)-अक्ष पर चल रहा है। इसकी \(z =4 a\) पर चाल \(v\) है। मूलबिंदु को पार करने के लिए \(v\) का न्यूनतम मान होगा ।JEE Mains 2019 कठिन
- द्रव्यमान \(2 \mathrm{~kg}, 4 \mathrm{~kg}\) और \(6 \mathrm{~kg}\) की तीन गेंदें क्रमशः \(2 \mathrm{~m}\) भुजा वाले एक समबाहु त्रिभुज के किनारों के केंद्र पर रखी गई हैं। केंद्रक से गुजरने वाले और त्रिभुज के तल के लंबवत अक्ष के परितः निकाय का जड़त्व आघूर्ण _______\(\mathrm{kg} \mathrm{m}{ }^2\) होगा।JEE Mains 2024 कठिन