JEE Mains · Physics · STD 12 - विकिरण तथा द्रव्य की द्वैत प्रकृति
- JEE Mains 2023
- मध्यम
- MCQ
प्रकाश के वेग के दसवें भाग से घूमते हुए एक प्रोटॉन की डी-ब्रॉगली तरंगदैर्ध्य \(\lambda\) है। निश्चित गतिज ऊर्जा के एक एल्फा कण की डी-ब्रागली तरंगदैर्ध्य \(\lambda\) इसी के समान है। प्रोटॉन तथा एल्फा कण की गतिज ऊर्जाओं का अनुपात है:
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उत्तर और हल
सही उत्तर
(B) \(4: 1\)
चरण-दर-चरण हल
विस्तृत व्याख्या
\(K E=\frac{p^2}{2 m}=\frac{h^2}{2 m \lambda^2}\)
\(\frac{K E_p}{K E_\alpha}=\frac{m_\alpha}{m_p}=4: 1\)
Physics के और प्रश्न
- किसी निकाय, जिसमें कोई कण किसी संरक्षी बल \(F ( x )\) के अधीन एक विमीय गति कर रहा है, के स्थितिज ऊर्जा फलन \(U ( x )\) के ग्राफ से, मान लीजिए \(E _{\text {mech }}=8 \;J\) है, तो कौन सा कथन इस निकाय के लिए सही नहीं है ?
JEE Mains 2021 कठिन - नीचे प्रदर्शित नेटवर्क में, संधारित्र की स्थाई अवस्था में संचित आवेश होगा:
JEE Mains 2023 मध्यम - \(10\) कि.ग्रा. द्रव्यमान की एक मशीन गन से \(20\) ग्राम की गोलियाँ \(180\) गोली प्रति मिनट की दर से \(100\) मी./से. की एक समान चाल से दागी जाती है। गन का पश्चगामी वेग है:JEE Mains 2023 आसान
- जब पीला प्रकाश समान मोटाई के वायु और निर्वात के स्तम्भों से संचरित होता है, तो तरंगों की संख्या में \(1\) का अन्तर होता है। वायु के स्तम्भ की मोटाई \(\dots\;mm\) है। [वायु का अपवर्तनांक \(=1.0003\), पीले प्रकाश की निर्वात में तरंगदैर्ध्य \(=6000 \mathring A\) ]JEE Mains 2021 कठिन
- आवेश-घनत्व \(\rho(r)\) के किसी गोलीय-आवेश-वितरण, के अन्दर \(N\) समविभव-पृष्ठ, जिनकी विभव है \(V _{0}, V _{0}+\Delta V , V _{0}+2 \Delta V , \ldots \ldots V _{0}+ N \Delta V\) \((\Delta V >0)\), आरेखित किये गये हैं और उनकी त्रिज्याऐं क्रमश: \(r_{0}, r_{1}, r_{2}, \ldots \ldots \ldots . . r_{N}\) हैं। यदि त्रिज्याओं का अन्तराल, सभी \(V _{0}\) तथा \(\Delta V\) के मानों के लिये, स्थिर है तबJEE Mains 2016 कठिन
- प्रदर्शित चित्र में प्रतिरोध \(R\) का वास्तविक मान \(30\, \Omega\) है। यह दर्शाये गये प्रयोग में मानक सूत्र \(R =\frac{ V }{ I }\) का उपयोग करके मापा गया है, जहाँ \(V\) तथा \(I\) क्रमशः वोल्टमीटर तथा अमीटर के पाठ्यांक है। यदि \(R\) का मापा गया मान \(5 \%\) कम है तो वोल्टमीटर के आन्तरिक प्रतिरोध का मान ................. \(\Omega\) है।
JEE Mains 2019 मध्यम
JEE Mains के और PYQ
- दिखाये गये मीटर सेतु के लिये, ज्ञात है कि प्रतिरोध \(Y =12.5\, \Omega\) है तथा संतुलन ( जॉकी \(J\) द्वारा ) \(A\) से \(39.5\, cm\) दूरी पर प्राप्त होता है। प्रतिरोधों \(X\) तथा \(Y\) को परस्पर बदलने पर नया संतुलन बिन्दु \(A\) से \(I_{2}\) दूरी पर प्राप्त होता है। \(X\) तथा \(l_{2}\) के मान हैं
JEE Mains 2018 कठिन - आरेख में दर्शाए अनुसार \(+12\, \mu C\) का कोई बिन्दु आवेश \(12 \,cm\) भुजा वाले किसी वर्ग के केन्द्र के ऊर्ध्वाधर ऊपर \(6 \,cm\) दूरी पर स्थित है। इस वर्ग से गुजरने वाले विधुत फ्लक्स का परिमाण \(......\,\times 10^{3} Nm ^{2} / C\) होगा।
JEE Mains 2021 मध्यम - \(500\) वाट का बल्ब, \(100\) वोल्ट पर \(200\) वोल्ट संभरण के परिपथ में प्रयुक्त होता है। \(500\) वाट शक्ति प्रेषित करने के लिए बल्ब के श्रेणीक्रम में लगने वाले प्रतिरोध \(R\) की गणना कीजिए। (\(\Omega\) में)JEE Mains 2021 मध्यम
- मान लीजिए चित्र में दिखाए गए, मीटर ब्रिज में तार \(AB\) की लम्बाई \(72\, cm\) है। \(AB\) के बिन्दु \(P\) पर जो \(A\) से \(x \,cm\) दूरी पर है, गैल्वेनोमीटर जॉकी को रखा गया है। इस स्थिति में गैल्वेनोमीटर में शून्य विक्षेपण है।
JEE Mains 2021 मध्यम - प्रकाश विद्युत प्रभाव के संदर्भ में, निरोधी विभव का मान आपतित विद्युतचुम्बकीय विकिरण के किस गुण पर निर्भर करता है?JEE Mains 2021 आसान
- एक पिण्ड \(61^{\circ} C\) से \(59^{\circ} C\) तक ठंडा होने में \(4\, min\) का समय लेता हैं। यदि परिवेश का ताप \(30^{\circ} C\) है तो पिण्ड को \(51^{\circ} C\) से \(49^{\circ} C\) तक ठंडा होने में समय लगेगा। (\(min\) में)JEE Mains 2021 मध्यम