JEE Mains · Physics · STD 11 - ऊष्मागतिकी
- JEE Mains 2019
- आसान
- संख्यात्मक
एक गैस के लिए दिय गए चक्रीय प्रक्रम \(CAB\) में किया गया काय \(.....\,J\) है।

उत्तर जाँचने के लिए एक विकल्प चुनें।
उत्तर और हल
सही उत्तर
(B) \(10\)
चरण-दर-चरण हल
विस्तृत व्याख्या
Work done \(=\) Area of loop
\(= \frac{1}{2} (4) (5)\)
\(= 10\, J\)
\(= \frac{1}{2} (4) (5)\)
\(= 10\, J\)
Physics के और प्रश्न
- एक धारिता \(C\) के संधारित्र को विभव \(V _{0}\) से आवेशित करके एक दूसरे \(\frac{C}{2}\) धारिता के अनावेशित संधारित्र से समांतर क्रम में जोड़ा जाता है। जब आवेश दोनों संधारित्रों में वितरित हो जाता है, तो इस प्रक्रम में क्षयित ऊर्जा का मान होगा। (\(CV _{0}^{2}\) में)JEE Mains 2020 कठिन
- दो कुण्डलियाँ \('P'\) तथा \(' Q '\) कुछ दूरी पर रखी हैं। जब कुण्डली \('P'\) में \(3 \,A\) की धारा प्रवाहित होती है तो कुण्डली \('Q'\) से \(10^{-3}\, Wb\) का चुम्बकीय फ्लक्स गुजरता है। \('Q'\) में कोई धारा नहीं है। जब ' \(P\) ' में कोई धारा नहीं है तथा \('Q'\) से \(2\, A\) धारा प्रवाहित होती है, तो \('P'\) से गुजरने वाला फ्लक्स होगा।JEE Mains 2019 मध्यम
- नीचे दो कथन दिए गए है: इनमें से एक को अभिकथन \(\mathrm{A}\) से निरूपित किया गया है, एवं दूसरे को कारण \(R\) से निरूपित किया गया है। अभिकथन \(A\) : इलेक्ट्रान पुंज तरंग प्रवृत्ति प्रदर्शित करते हैं, एवं इनका व्यतिकरण एवं विवर्तन होता है। कारण \(R\) : डेविसन एवं जर्मर प्रयोग ने यह सिद्ध किया था कि इलेक्ट्रॉन तरंग प्रवृत्ति भी प्रदर्शित कर सकते हैं। उपरोक्त कथनों के आलोक में, नीचे दिए गए विकल्पों में से सर्वाधित उपयुक्त उत्तर चुनें।JEE Mains 2023 मध्यम
- एक \(40\) मीटर ऊँचे बांध से पानी \(9 \times 10^4\,kg\) प्रति घण्टा की दर से गिरता हैं। गुरुत्वीय स्थितिज ऊर्जा का \(50 \%\) विद्युत ऊर्जा में रुपान्तरित हो सकता है, तो इस जलविद्युत ऊर्जा से कितने \(100\,W\) बल्ब जलाऐ जा सकते है ? \(( g =10\,ms ^{-2})\)JEE Mains 2022 मध्यम
- एक वृत्ताकार चकती \(l\) लंबाई के एक नत समतल के ऊपर से नीचे तक पहुँचती है। जब यह समतल से नीचे फिसलता है, तो इसे \(\mathrm{t} \mathrm{s}\) लगता है। जब यह समतल से नीचे लुढ़कता है तो इसे \(\left(\frac{\alpha}{2}\right)^{1 / 2} \mathrm{t} s\) लगता है, जहाँ \(\alpha\) _______ है।JEE Mains 2024 कठिन
- यंग के द्विझिर्री प्रयोग में, यदि प्रकाश स्त्रोत को नांरगी से नीले में परिवर्तित कर दिया जाए तो।JEE Mains 2021 मध्यम
JEE Mains के और PYQ
- किसी निश्चित धातु के लिए, जब \(\lambda\) तरंगदैर्ध्य का एकवर्णी प्रकाश आपतित होता है, तो प्रकाश इलेक्ट्रॉनों के लिए निरोधी विभव \(3V_0\) है। जब उसी धातु को \(2\lambda\) तरंगदैर्ध्य के प्रकाश से प्रदीप्त किया जाता है, तो निरोधी विभव \(V_0\) हो जाता है। दी गई धातु के लिए प्रकाश-विद्युत उत्सर्जन की देहली तरंगदैर्ध्य \(\alpha\lambda\) है। \(\alpha\) का मान _______ है।JEE Mains 2026 मध्यम
- एक विधुत चुम्बकीय तरंग का चुम्बकीय क्षेत्र सदिश \(B = B _{ o } \frac{\hat{ i }+\hat{ j }}{\sqrt{2}} \cos ( kz -\omega t )\) से दिया गया है, जहाँ \(\hat{ i }\) तथा \(\hat{j}\) क्रमशः \(x\) तथा \(y\)-अक्ष के अनुदिश मात्रक सदिश है। \(t =0 \,s\) पर दो विधुत आवेश \(4 \pi\) कूलाम का \(q _{1}\) तथा \(2 \pi\) कूलाम \(q _{2}\) क्रमशः \(\left(0,0, \frac{\pi}{ k }\right)\) तथा \(\left(0,0, \frac{3 \pi}{ k }\right)\) पर रखे गये है जिनके समान वेग \(0.5 \,c\) \(\hat{ i }\) हैं, (जहाँ \(c\) प्रकाश का निर्वात में वेग है।) आवेश \(q _{1}\) पर कार्यरत बल तथा आवेश \(q _{2}\) पर कार्यरत बल का अनुपात होगा।JEE Mains 2021 कठिन