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JEE Mains · Chemistry · STD 11 - 4. Chemical bonding and molecular structure

नीचे दो कथन दिए गए हैं :
कथन (I): \(\mathrm{O}_3\) में प्रयोगात्मक रूप से निर्धारित ऑक्सीजन-ऑक्सीजन आबंध लंबाइयाँ समान पाई जाती हैं और आबंध लंबाई एक \(\mathrm{O}=\mathrm{O}\) (द्वि-आबंध) से अधिक लेकिन एक एकल \((O-O)\) आबंध से कम होती है।
कथन (II): ऑक्सीजन परमाणुओं के बीच प्रबल एकाकी युग्म-एकाकी युग्म प्रतिकर्षण ही इस तथ्य के लिए पूर्ण रूप से उत्तरदायी है कि ओज़ोन में आबंध लंबाई एक द्वि-आबंध \((\mathrm{O}=\mathrm{O})\) से कम लेकिन एक एकल आबंध \((\mathrm{O}-\mathrm{O})\) से अधिक होती है।
उपरोक्त कथनों के आलोक में, नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए :

  1. A कथन I और कथन II दोनों असत्य हैं
  2. B कथन I असत्य है लेकिन कथन II सत्य है
  3. C कथन I सत्य है लेकिन कथन II असत्य है
  4. D कथन I और कथन II दोनों सत्य हैं
Verified Solution

Answer & Solution

Correct Answer

(C) कथन I सत्य है लेकिन कथन II असत्य है

Step-by-step Solution

Detailed explanation

Bond length \(\propto \frac{1}{\text { Bond order }}\) \(\mathrm{O}-\mathrm{O}\) आबंध लंबाई का क्रम \(\mathrm{O}=\mathrm{O} < \mathrm{O}_3 < \mathrm{O}-\mathrm{O}\) \(\therefore\) कथन \(I\) सत्य है। O-परमाणुओं के बीच एकाकी युग्म-एकाकी युग्म प्रतिकर्षण O-O आबंध लंबाई के सही क्रम…
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